bible
ra
🌐 Language
English
Español
Français
Deutsch
Português
Italiano
Nederlands
Русский
中文
日本語
한국어
العربية
Türkçe
Tiếng Việt
ไทย
Indonesia
All Languages
Home
/
Awadhi
/
awadhi
/
Psalms 24
Psalms 24
awadhi
1
धरती अउ ओह प क सब चिजियन यहोवा क अहइँ; संसार अउ हर कउनो जउन एहमाँ रहत हीं ओकर अहइँ।
2
यहोवा इ धरती क जल पइ रचे अहइ। उ एका जल क धारन पइ बनाएस।
3
यहोवा क पहाड़े क मन्दिर मँ कउन जाइ सकत ह? कउन यहोवा क पवित्तर ठउर मँ खड़ा होइ सकत अउर आराधना कइ सकत ह?
4
अइसा मनई जउन हाथन क साफ किहे ह, अइसा मनई जउन पवित्तर जीवन क अगुवाइ करत ह, अइसा मनई जउन मोरे नाउँ क प्रयोग कइके दूसर बरे गलत नाहीं किहे ह, अउर अइसा मनई जउन झूठ न बोलेस, अउ न ही झूठा वचन दिहेस ह। बस अइसेन मनई ही हुआँ आराधना कइ सकत हीं।
5
सज्जन तउ चाहत हीं यहोवा सब क भला करइ। उ पचे सज्जन परमेस्सर स जउन ओनकर उद्धारक अहइ, नेक चाहत हीं।
6
उ पचे सज्जन परमेस्सर क अनुसरण क जतन करत हीं। उ पचे याकूब क परमेस्सर क लगे मदद पावइ जात हीं।
7
फाटकन, आपन मूँड़ी ऊँची करा! सनातन दुआरन, खुलि जा! प्रतापी राजा भितरे आई।
8
इ प्रतापी राजा कउन अहइ? यहोवा ही उ राजा अहइ, उहइ सबल सैनिक अहइ, यहोवा ही उ राजा अहइ, उहइ जुद्ध नायक बा।
9
फाटकन, आपन, मूँड़ी ऊँची करा! सनातन दुआरन, खुलि जा! प्रतापी राजा भितरे आई।
10
उ प्रतापी राजा कउन अहइ? यहोवा सर्वसक्तिमान ही उ राजा अहइ। उ प्रतापी राजा उहइ अहइ।
← Chapter 23
Chapter 25 →